Archive for the 'Hindi Literature' Category

19
Dec
09

श्यामल! – घनश्याम ठक्कर, महफिल-ए-ओएसीस MP3

14
Dec
09

मेरी नयी वेब-दुनियामें आपका स्वागत है. – घनश्याम ठक्कर

29
Nov
09

वृक्षारोपण और फल-प्राप्ति (विचार विमर्श) – घनश्याम ठक्कर

15
Nov
09

जख्म दिल पर (गझल) – घनश्याम ठक्कर

जख्म दिल पर

 (गझल)

 घनश्याम ठक्कर

06
Nov
09

राधाकी व्यथा (गीत) – घनश्याम ठक्कर

24
Oct
09

बीमार तेरे नामके! (गीत) – घनश्याम ठक्कर

बीमार तेरे नामके!

(गीत)

घन-’श्याम’ ठक्कर

19
Oct
09

चल तू अकेला – रवींद्रनाथ टैगोर (हिन्दी भाषांतर : घनश्याम ठक्कर)

हमारी प्राथमिक शालामें कई अभिप्रेरक कविताएं पढनेकी/गानेकी परंपरा थी. आयु के उस सूर्योदय कालमें कुछ ऐसे काव्य गाये, अपनाये,  जिनका प्रकाश आज तक जीवनपथको ज्योतिमान करता रहा है. गुरुदेव रबीन्द्रनाथ टैगोरकी इस कविताका अनुवाद गांधीजीके निकटतम अनुयायी श्री महादेव देसाईने किया था. मैंने उस अनुवादका हिन्दी भाषांतर उसी लयमें किया है. आशा है आपको पसंद आयेगा.

घ. ठ.

 

चल तू अकेला – रवींद्रनाथ टैगोर

 

(गीत)

बंगाली-गुजराती भाषांतर : महादेवभाई देसाई

गुजराती-हिन्दी भाषांतर : घनश्याम ठक्कर

 

12
Oct
09

दीपावलीके त्योहारोंकी शुभकामनाएं – घनश्याम ठक्कर

02
Oct
09

घूमता है (गझल) – घनश्याम ठक्कर

 

(गझल)

घनश्याम ठक्कर

18
Sep
09

नव-रात्रि : नव-रास :: घनश्याम ठक्कर

नव-रात्रि : नव-रास

घनश्याम ठक्कर




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